सलमान राइन पर एक और केस दर्ज, कुल मामले हुए 7
फर्जी बैंक खातों के जरिए साइबर ठगी गिरोह का खुलासा
छतरपुर। जिले के कथित मानव तस्कर और हिस्ट्रीशीटर सलमान राइन के खिलाफ सिविल लाइन थाना पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 318 (धोखाधड़ी) के तहत एक और मामला दर्ज किया है। इसके साथ ही आरोपी पर दर्ज कुल अपराधों की संख्या बढ़कर 7 हो गई है। पुलिस के अनुसार इससे पहले उस पर हत्या के प्रयास, जबरन वसूली सहित छह गंभीर मामले दर्ज हैं।
रात्रि गश्त के दौरान पन्ना रोड स्थित हेलीपैड ग्राउंड पर कार्रवाई करते हुए पुलिस ने एक बड़े साइबर ठगी नेटवर्क का पर्दाफाश किया। मौके से कियोस्क संचालक प्रकाश चंद्र विश्वकर्मा को गिरफ्तार किया गया।
पुलिस ने आरोपी के पास से 2 लैपटॉप, 4 एंड्रॉयड मोबाइल फोन, कई सिम कार्ड, 4 एटीएम किट, बैंक पासबुक एवं अकाउंट रजिस्टर जब्त किए हैं। बरामद सामग्री की कुल कीमत लगभग 2 लाख रुपये बताई जा रही है।
पूछताछ में खुलासा हुआ कि आरोपी फर्जी या संदिग्ध बैंक खाते खोलकर उनकी एटीएम किट और सिम कार्ड गिरोह के अन्य सदस्यों को उपलब्ध कराता था। इन खातों का उपयोग ऑनलाइन ठगी की रकम के लेन-देन के लिए किया जाता था।
इस मामले में पुलिस ने कुल पांच आरोपियों — प्रकाश चंद्र विश्वकर्मा (गिरफ्तार), सलमान राइन, प्रथम चौरसिया, ऋषि चौरसिया और सुरेश प्रजापति — के खिलाफ प्रकरण दर्ज किया है।
सूत्रों के अनुसार हाल ही में पत्रकारों द्वारा पुलिस अधीक्षक से सलमान राइन की शिकायत भी की गई थी, वहीं कोतवाली पुलिस ने पिछले माह उसके विरुद्ध गुंडा एक्ट की कार्रवाई प्रस्तावित की थी।
मामले में कुछ पुलिसकर्मियों पर आरोपी को संरक्षण देने और पीड़ितों पर समझौते का दबाव बनाने के आरोप भी सामने आए हैं, जिसकी शिकायत उच्च अधिकारियों से की गई है।
पुलिस का कहना है कि प्रकरण की जांच जारी है तथा फरार आरोपियों की तलाश की जा रही है।