किशोर सागर तालाब पर फिर उठे सवाल, मिट्टी भराई कर कब्जे की कोशिश का आरोप
छतरपुर शहर के ऐतिहासिक किशोर सागर तालाब को लेकर एक बार फिर विवाद गहरा गया है। गुरुवार को तालाब क्षेत्र में जेसीबी मशीनों के माध्यम से मिट्टी भराई किए जाने का मामला सामने आया, जिसके बाद स्थानीय लोगों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने इसे तालाब पर कब्जे की कोशिश बताते हुए कड़ा विरोध जताया है।
आरोप है कि जिस क्षेत्र में कार्य किया जा रहा है, वहां राष्ट्रीय हरित अधिकरण (NGT) और न्यायालय के आदेशों की अनदेखी की जा रही है। विरोध करने वालों का कहना है कि यदि संबंधित प्रकरण न्यायालय और एनजीटी में विचाराधीन है, तो ऐसे कार्यों की अनुमति कैसे दी जा रही है।
स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन पर भी सवाल उठाए हैं और कहा है कि ऐतिहासिक जल स्रोतों को संरक्षित करने के बजाय उन्हें समाप्त करने की कोशिश की जा रही है। मामले को लेकर प्रशासन की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।
अब देखना होगा कि प्रशासन और संबंधित विभाग इस मामले में क्या कार्रवाई करते हैं और क्या तालाब क्षेत्र में चल रहे कार्यों की जांच कराई जाएगी।
(नोट: यह समाचार स्थानीय लोगों द्वारा लगाए गए आरोपों और उपलब्ध जानकारी पर आधारित है। संबंधित पक्ष का पक्ष प्राप्त होने पर उसे भी प्रमुखता से प्रकाशित किया जाएगा।)